विश्व शांति और समाज में आपसी सद्भावना के लिए भगवान महावीर के बताए हुए मार्गों पर चलना जरूरी: मुख्यमंत्री श्री बघेल

रायपुर में आयोजित भगवान महावीर स्वामी जन्मकल्याणक महोत्सव में शामिल हुए मुख्यमंत्री उल्लेखनीय कार्यों के लिए जैन समाज के विभिन्न संगठनों को किया सम्मानित

रायपुर,

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल राजधानी के एमजी रोड स्थित दादाबाड़ी में आयोजित भगवान महावीर स्वामी जन्मकल्याणक महोत्सव में शामिल हुए। इस मौके पर उन्होंने दादाबाड़ी परिसर स्थित धर्मनाथ जिनालय में पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री बघेल ने इस अवसर पर जैन समाज के लोगों को भगवान महावीर स्वामी की 2621वीं जयंती पर बधाई और शुभकामनाएं दीं। WhatsApp Image 2022 04 14 at 11.13.19 PM 1

मुख्यमंत्री बघेल ने महोत्सव में उपस्थित श्रद्धालुओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि भगवान महावीर के सिद्धांत आज भी प्रासंगिक है। पूरी दुनिया तीसरे विश्व युद्ध के मुहाने पर खड़ी है। ऐसे संकट के दौर में भगवान महावीर द्वारा बताए गए सत्य और अहिंसा जैसे मार्गों का अनुशरण करना हम सब लोगों के लिए जरूरी है। उन्होंने पूरे विश्व को सत्य, अहिंसा, ब्रह्मचर्य, अस्तेय तथा अपरिग्रह जैसे महान आदर्शों का मार्ग बताया था। इसके साथ-साथ समाज में परस्पर एक-दूसरे के सम्मान के लिए अनेकांतवाद का महान सिद्धांत दिया। जिसमें सबके विचारों के सम्मान का आदर्श निहित है। आज समाज में शांति, आपसी भाईचारा और परस्पर सम्मान के लिए उनके बताए मार्गों पर चलना बहुत आवश्यक है।

मुख्यमंत्री बघेल ने आगे कहा कि हमारी सरकार छत्तीसगढ़ में हर समाज और वर्ग की उन्नति के लिए निरंतर कार्य कर रही है। विगत कोरोना संकट के दौर में भी स्थिति से उबरने में सभी समाज के लोगों का भरपूर सहयोग मिला, जिसमें जैन समाज से मिले सहयोग की भी बड़ी भूमिका रही। हमारी सरकार राज्य में मजदूर, किसान, व्यापारी आदि हर वर्ग के लोगों के उत्थान के लिए कृत-संकल्पित है। इसके लिए नित नये योजनाओं और कार्यक्रमों का संचालन किया जा रहा है। राज्य में अब गाय के दूध ही नहीं बल्कि उसके गोबर और गौमूत्र से भी पैसा आने लगे हैं। इस तरह राज्य में विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का बेहतर से बेहतर क्रियान्वयन कर गत तीन वर्षों के दौरान लोगों के जेब में 91 हजार करोड़ रूपए की राशि डाले गए हैं। जिसके फलस्वरूप कोरोना संकट के दौर में भी छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था गतिशील बनी रही और सम्पूर्ण छत्तीसगढ़ उन्नति की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रहा है।