भोपाल 23 जुलाई (आईएएनएस) । bhopal mein gas piditon : मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के गैस पीड़ितों ने कमला नेहरू अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड को दूसरे अस्पताल में स्थानांतरित करने की कोशिश किए जाने का आरोप लगाया है, साथ ही उन्होंने धरना भी दिया ।
भोपाल गैस त्रासदी के पीड़ितों ने धरना दिया
bhopal mein gas piditon : भोपाल गैस त्रासदी के पीड़ितों ने आज कमला नेहरू अस्पताल में धरना दिया और सरकार को चेतावनी दी कि गैस पीड़ितों के इमरजेंसी वार्ड और अन्य सुविधाओं को हटाने की कोई भी कार्रवाई उन्हें बर्दाश्त नहीं होगी। गैस पीड़ितों के लिए संघर्ष करने वाले चार संगठन की अगुवाई में यह धरना आयोजित किया गया।
गैस पीड़ितों की जान से खिलवाड़
bhopal mein gas piditon : धरने को संबोधित करते हुए भोपाल गैस पीड़ित महिला स्टेशनरी कर्मचारी संघ की नेता रशीदा बी ने प्रस्तावित स्थानांतरण पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा, इमरजेंसी वार्ड को हमीदिया अस्पताल के रेडियोलॉजी विभाग में शिफ्ट करना, जहाँ लगातार विकिरण का खतरा बना रहता है, गैस पीड़ितों की जान से खिलवाड़ करने के बराबर है।
स्वतंत्र रेडियोलॉजिकल सुरक्षा आकलन किया गया
bhopal mein gas piditon : पीड़ितों का आरोप है कि इस स्थानांतरण से पहले न तो कोई स्वतंत्र रेडियोलॉजिकल सुरक्षा आकलन किया गया है, न ही परमाणु ऊर्जा नियामक बोर्ड से कोई मंजूरी ली गई है। एईआरबी से जो मंजूरी मिलीं है उसमें स्पष्ट लिखा है कि मरीजों का वेटिंग एरिया यहां नहीं बनाया जा सकता है फिर भी हमीदिया अस्पतालऔर ठेकेदार लगातार गैस पीड़ितों को इस असुरक्षित जगह पर ढकेल रही।
गैस पीड़ितों की मांग स्थानांतरित करने की योजनाओं को रोका जाए
bhopal mein gas piditon : गैस पीड़ितों की मांग है कि इमरजेंसी वार्ड को स्थानांतरित करने की सभी योजनाओं को स्थायी रूप से रोका जाए और वार्ड को मूल स्थिति में बहाल किया जाए।पूर्ण सार्वजनिक सुरक्षा आकलन और एईआरबी अनुमोदन के बिना कमला नेहरू अस्पताल में किसी भी रेडियोधर्मी बंकर के निर्माण पर रोक लगाई जाए।
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(यह खबर आईएएनएस समाचार एजेंसी के जरिए ली गई है। हिंद मित्र इसकी सामग्री के लिए जिम्मेदार नहीं है।)















