लखनऊ,
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी (BJP) को दूसरा बड़ा झटका लगा है। श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद के बाद वन मंत्री दारा सिंह चौहान ने भी आज मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है। दारा सिंह मऊ जिले की मधुबन विधानसभा सीट से विधायक हैं। उन्होंने राज्यपाल को भेजी चिट्ठी में योगी सरकार पर दलितों, पिछड़ों और युवाओं की अनदेखी का आरोप लगाया है।
Uttar Pradesh cabinet Minister and BJP leader Dara Singh Chauhan quits from his post pic.twitter.com/PWvCNUq4zm
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) January 12, 2022
दारा सिंह चौहान ने कहा, “माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के मंत्रिमंडल में वन पर्यावरण और जन्तु उद्यान मंत्री के रूप में मैंने पूरे मनोयोग से अपने विभाग की बेहतरी के लिए कार्य किया, किन्तु सरकार की पिछड़ों, वंचितों, दलितों, किसानों और बेरोजगार नौजवानों की घोर उपेक्षात्मक रवैये के साथ-साथ पिछड़ों और दलितों के आरक्षण के साथ जो खिलवाड़ हो रहा है, उससे आहत होकर मैं उत्तर प्रदेश मंत्रिमंडल से इस्तीफा देता हूं।
दारा सिंह ने ज्वाइन किया सपा:
‘सामाजिक न्याय’ के संघर्ष के अनवरत सेनानी श्री दारा सिंह चौहान जी का सपा में ससम्मान हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन!
सपा व उसके सहयोगी दल एकजुट होकर समता-समानता के आंदोलन को चरम पर ले जाएँगे… भेदभाव मिटाएँगे! ये हमारा समेकित संकल्प है!
सबको सम्मान ~ सबको स्थान!#मेला_होबे pic.twitter.com/rGxMYUyvsd
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) January 12, 2022
कौन हैं दारा सिंह
- दारा सिंह चौहान मधुबन से विधायक हैं, वह 2 फरवरी 2015 को बीजेपी में शामिल हुए थे।
- दारा सिंह बीजेपी से पहले बीएसपी में थे, वह 2009 में लोकसभा चुनाव जीते थे।
- दारा सिंह की 2014 लोकसभा चुनाव में हार हुई थी।
- लोनिया राजपूत समुदाय से आते हैं, बीजेपी में OBC मोर्चा के अध्यक्ष बनाए गए थे।
- 1996 से 2006 तक राज्यसभा सांसद रहे।
ज्ञात हो कि यूपी विधानसभा चुनाव में 24 घण्टे में बड़ा उलटफेर नजर आया है। स्वामी प्रसाद के इस्तीफे के बाद कई विधायक और मंत्री के इस्तीफे की चर्चा थी। वह बात सही साबित हुई।
दारा सिंह चौहान के इस्तीफ़े के बाद केशव मौर्य का ट्वीट
केशव प्रसाद मौर्य की दारा सिंह चौहान के इस्तीफे पर प्रतिक्रिया आई है. केशव प्रसाद मौर्य ने ट्वीट कर कहा कि परिवार का कोई सदस्य भटक जाये तो दुख होता है. जाने वाले आदरणीय महानुभावों को मैं बस यही आग्रह करूंगा कि डूबती हुई नाव पर सवार होने से नुकसान उनका ही होगा. बड़े भाई दारा सिंह जी आप अपने फैसले पर पुनर्विचार करिये.
परिवार का कोई सदस्य भटक जाये तो दुख होता है जाने वाले आदरणीय महानुभावों को मैं बस यही आग्रह करूँगा कि डूबती हुई नांव पर सवार होनें से नुकसान उनका ही होगा
बड़े भाई श्री दारा सिंह जी आप अपने फैसले पर पुनर्विचार करिये— Keshav Prasad Maurya (@kpmaurya1) January 12, 2022













