रायपुर, 30 मार्च । aiims raipur state : अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान रायपुर के फिजियोलॉजी विभाग द्वारा रेस्पिरेटरी फिजियोलॉजी विषय पर राज्य स्तरीय स्नातक (अंडरग्रेजुएट) सम्मेलन का सफल आयोजन किया गया।
प्रदेश के 15 मेडिकल कॉलेजों से 250 से अधिक छात्रों ने भाग लिया
aiims raipur state : “Breathing Life into Science: Exploring Insights and Innovations in Respiratory Physiology” विषय पर आयोजित इस सम्मेलन में प्रदेश के 15 मेडिकल कॉलेजों से 250 से अधिक प्रथम वर्ष एमबीबीएस (बैचलर ऑफ मेडिसिन एंड बैचलर ऑफ सर्जरी) छात्रों ने भाग लिया। कार्यक्रम में विभिन्न संस्थानों के फिजियोलॉजी विभागाध्यक्ष एवं संकाय सदस्य भी उपस्थित रहे।
छात्रों के समग्र विकास के लिए अनिवार्य
aiims raipur state : सम्मेलन के मुख्य अतिथि के रूप में डॉ. रामजी सिंह, पूर्व निदेशक, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान कल्याणी; डॉ. एली मोहापात्रा, डीन (अकादमिक), एम्स रायपुर; तथा डॉ. के.डी. चावली, डीन (छात्र कल्याण), एम्स रायपुर शामिल हुए। अतिथियों ने आधुनिक चिकित्सा शिक्षा में प्रभावी संचार कौशल और जिज्ञासा-आधारित अधिगम की आवश्यकता पर बल देते हुए इसे छात्रों के समग्र विकास के लिए अनिवार्य बताया।
रेजिडेंट डॉक्टरों और छात्र स्वयंसेवकों का सक्रिय सहयोग
aiims raipur state : कार्यक्रम का आयोजन डॉ. रमंजन सिन्हा (आयोजन अध्यक्ष), डॉ. अरुणिता जगजापे (आयोजन सचिव) तथा डॉ. दीपाली के. चतुर (संयुक्त आयोजन सचिव) के नेतृत्व में किया गया। इस दौरान संकाय सदस्यों, रेजिडेंट डॉक्टरों और छात्र स्वयंसेवकों का सक्रिय सहयोग रहा।
प्रतिभागियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित
aiims raipur state : सम्मेलन के शैक्षणिक सत्रों में वायुमार्ग की संरचना एवं कार्यप्रणाली, फेफड़ों के प्रत्यारोपण तथा ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एपनिया जैसे विषयों पर विशेषज्ञ व्याख्यान आयोजित किए गए। इसमें संयुक्त राज्य अमेरिका से डॉ. पी.के. वेदनथन का ऑनलाइन व्याख्यान भी शामिल रहा। साथ ही क्विज, मॉडल प्रदर्शन एवं छात्र प्रतियोगिताएं जैसे “यंग ओरिएटर”, “एआई रैम्प” और कॉन्सेप्ट मैपिंग आयोजित की गईं, जिनसे प्रतिभागियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित हुई।
रेस्पिरेटरी फिजियोलॉजी के क्लिनिकल महत्व पर एक पैनल चर्चा
aiims raipur state : कार्यक्रम के अंतर्गत फिजियोलॉजी, पल्मोनरी मेडिसिन, एनेस्थीसिया तथा पीडियाट्रिक्स के विशेषज्ञों की भागीदारी के साथ रेस्पिरेटरी फिजियोलॉजी के क्लिनिकल महत्व पर एक पैनल चर्चा भी आयोजित की गई, जिसमें बहु-विषयक दृष्टिकोण प्रस्तुत किया गया। इसके अतिरिक्त ‘प्राणायाम’ पर आधारित माइंडफुलनेस सत्र ने सम्मेलन को एक विशिष्ट आयाम प्रदान किया।
aiims raipur state : युवा चिकित्सा छात्रों को प्रेरित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
यह सम्मेलन विशेष रूप से प्रथम वर्ष एमबीबीएस छात्रों के लिए आयोजित किया गया था, जिसका उद्देश्य विषय के प्रति जिज्ञासा बढ़ाना और फिजियोलॉजी की मजबूत आधारशिला तैयार करना रहा। लेफ्टिनेंट जनरल अशोक जिंदल, कार्यकारी निदेशक एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी एम्स रायपुर ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे युवा चिकित्सा छात्रों को प्रेरित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
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