मां कामाख्या की धरती से पीएम मोदी का संदेश: किसानों के खाते में 18 हजार करोड़, असम को मिली बड़ी परियोजनाएं

PM Modi at Guwahati Assam
PM Modi at Guwahati Assam

गुवाहाटी | 13 मार्च 2026: PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम के गुवाहाटी में विभिन्न विकास परियोजनाओं के शुभारंभ के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि मां कामाख्या की पावन भूमि से आज असम के विकास को नई गति देने वाले लगभग 19,500 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास और लोकार्पण किया गया है।

उन्होंने कहा कि ये परियोजनाएं असम को ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ यहां आने वाले लोगों की सुविधाओं को भी बढ़ाएंगी।

PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन की शुरुआत असमिया भाषा में करते हुए कहा— “मुर मरोमोर गुवाहाटी बाशी राइज, आपुनालोकक मोई मुर आंतोरिक नमोश्कार जोनाइशु।”

उन्होंने असम के राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य, मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा, केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल, राज्य सरकार के मंत्रियों, जनप्रतिनिधियों, देशभर से तकनीक के माध्यम से जुड़े किसानों और चाय बागान के श्रमिकों का अभिवादन किया।

किसानों के खातों में 18 हजार करोड़ रुपये

PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान देशभर के करोड़ों किसानों के खातों में पीएम किसान सम्मान निधि की नई किस्त के रूप में 18 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे ट्रांसफर की गई है। उन्होंने कहा कि यह योजना दुनिया की सबसे बड़ी डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर योजनाओं में से एक है।

उन्होंने कहा कि 2014 से पहले करोड़ों किसानों के पास न बैंक खाता था और न ही मोबाइल फोन, लेकिन आज उसी डिजिटल व्यवस्था के माध्यम से एक क्लिक में करोड़ों किसानों के खातों में पैसा पहुंच रहा है। प्रधानमंत्री ने बताया कि अब तक इस योजना के तहत किसानों को 4.25 लाख करोड़ रुपये से अधिक की राशि दी जा चुकी है।

उन्होंने कहा कि असम के करीब 19 लाख किसानों को लगभग 8 हजार करोड़ रुपये का लाभ मिला है।

कांग्रेस पर साधा निशाना

PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री ने कहा कि जब पीएम किसान योजना शुरू हुई थी तब कांग्रेस के नेताओं ने अफवाह फैलाई थी कि चुनाव के बाद किसानों से यह पैसा वापस ले लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह योजना आज छोटे किसानों के लिए सामाजिक सुरक्षा का बड़ा माध्यम बन चुकी है।

उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस सरकार के 10 वर्षों में किसानों को MSP के रूप में करीब 6.5 लाख करोड़ रुपये मिले थे, जबकि भाजपा-एनडीए सरकार के पिछले 10 वर्षों में किसानों को 20 लाख करोड़ रुपये से अधिक MSP भुगतान किया गया है।

PM Modi at Guwahati Assam: खाद पर सब्सिडी और किसानों के लिए सुरक्षा कवच

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय संकटों के बावजूद केंद्र सरकार ने किसानों पर बोझ नहीं पड़ने दिया। उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में यूरिया की बोरी लगभग 3 हजार रुपये में मिलती है, लेकिन भारत में किसानों को वही बोरी करीब 300 रुपये में उपलब्ध कराई जा रही है। इसके लिए सरकार ने 12 लाख करोड़ रुपये से अधिक की सब्सिडी दी है।

उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में सरकार ने किसानों के लिए MSP, सस्ता ऋण, फसल बीमा और पीएम किसान जैसी योजनाओं के माध्यम से एक मजबूत सुरक्षा कवच तैयार किया है।

तकनीक और सौर ऊर्जा से खेती को बढ़ावा

PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार ने “पर ड्रॉप मोर क्रॉप” नीति के तहत ड्रिप और स्प्रिंकलर जैसी माइक्रो-इरिगेशन तकनीकों को बढ़ावा दिया है, जिससे सिंचाई बेहतर हुई और किसानों की लागत कम हुई।

उन्होंने कहा कि कुसुम योजना के तहत किसानों को सोलर पंप दिए जा रहे हैं ताकि डीजल पर निर्भरता कम हो और किसान बिजली उत्पादन कर अतिरिक्त आय भी कमा सकें। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि “अन्नदाता ऊर्जादाता बने।”

PM Modi at Guwahati Assam: असम में ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि केंद्र सरकार ने असम और पूरे उत्तर-पूर्व में ऊर्जा और गैस इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़े पैमाने पर निवेश किया है। उन्होंने बताया कि असम की रिफाइनरियों का विस्तार किया गया है और नुमालीगढ़-सिलीगुड़ी पाइपलाइन के अपग्रेडेशन का काम भी पूरा हो चुका है।

उन्होंने यह भी बताया कि असम के गोलाघाट में दुनिया का पहला सेकेंड जेनरेशन बायो-एथेनॉल प्लांट स्थापित किया गया है।

रेलवे का तेजी से विद्युतीकरण

PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले 10 वर्षों में भारत का लगभग पूरा रेलवे नेटवर्क इलेक्ट्रिक रूट से जुड़ चुका है और जल्द ही 100 प्रतिशत विद्युतीकरण का लक्ष्य पूरा हो जाएगा। इससे हर साल करीब 1.75 अरब लीटर डीजल की बचत हो रही है।

टी-गार्डन श्रमिकों को जमीन के पट्टे

PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि असम के चाय बागानों में काम करने वाले श्रमिकों को लंबे समय तक जमीन के कानूनी अधिकार नहीं मिले थे। उन्होंने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की सरकार की सराहना करते हुए कहा कि अब इन परिवारों को जमीन के पट्टे दिए जा रहे हैं, जिससे उन्हें पक्के घर मिलने का रास्ता भी साफ हो गया है।

प्रधानमंत्री ने भावुक अंदाज में कहा कि चाय बागानों के श्रमिकों का उनसे विशेष संबंध है। उन्होंने कहा कि उनके गांव में असम की चाय पहुंचती थी और उन्होंने भी चाय बेचकर जीवन की शुरुआत की थी।

ब्रह्मपुत्र में क्रूज टूरिज्म को बढ़ावा

PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री ने बताया कि असम के निमाती घाट और बिश्वनाथ घाट पर आधुनिक क्रूज टर्मिनल बनाने का काम शुरू हो गया है। इससे ब्रह्मपुत्र नदी में क्रूज पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

उन्होंने कहा कि पर्यटन को केवल दर्शनीय स्थलों तक सीमित नहीं रखा गया है, बल्कि इसे स्थानीय अर्थव्यवस्था और रोजगार का बड़ा माध्यम बनाया जा रहा है।

‘एकता मॉल’ का सुझाव

PM Modi at Guwahati Assam: प्रधानमंत्री ने कार्यक्रम में मौजूद विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों से आग्रह किया कि असम में बने पीएम एकता मॉल में अपने-अपने राज्यों के उत्पादों को भी प्रदर्शित करने की व्यवस्था करें, ताकि एक ही स्थान पर पूरे भारत की विविधता देखने को मिले।

उन्होंने कहा कि “वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट” की अवधारणा के तहत ऐसा मॉल पूरे भारत की एकता और सांस्कृतिक विविधता का प्रतीक बन सकता है।

नवरात्रि से पहले मां कामाख्या से प्रार्थना

PM Modi at Guwahati Assam: अपने संबोधन के अंत में प्रधानमंत्री ने कहा कि नवरात्रि से पहले मां कामाख्या की इस पावन भूमि पर आने का उन्हें सौभाग्य मिला है। उन्होंने मां कामाख्या से देशवासियों के सुख-समृद्धि और उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

प्रधानमंत्री ने अपने भाषण का समापन “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” के नारों के साथ किया।

Read More :   एनएचपीसी में ट्रेनी इंजीनियर के 72 पोस्टर वैकेंसी, जल्द ही शुरू होगा आवेदन

#छत्तीसगढ,#मध्यप्रदेश#महाराष्ट्र,#उत्तर प्रदेश,#बिहार