NSO:राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय द्वारा पश्चिम अंचल क्षेत्र की आंचलिक समीक्षा बैठक

रायपुर,

नीति नियोजन एवं अन्य सांख्यिकीय आंकड़ों की आवश्यकता को पूरा करने के लिए सन् 1950 में भारत सरकार द्वारा राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (National Statistical Office-NSO) की स्थापना की गई थी। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय द्वारा संचालित विभिन्न सर्वेक्षणों के आंकड़ों का उपयोग भारत सरकार के विभिन्न विभागों, राज्य सरकारों एवं अन्य राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय एजेंसी द्वारा नीति नियोजन, अनुसंधान आदि उद्देश्यों के लिए किया जाता है।

इसी क्रम में राष्ट्रीय साख्यिकी कार्यालय द्वारा संचालित विभिन्न सर्वेक्षण की प्रगति की समीक्षा हेतु दि. 27.10.2021 को होटल बेबीलॉन इंटरनेशनल, वी.आई.पी. रोड, रायपुर में पश्चिम अंचल क्षेत्र नागपुर की आंचलिक समीक्षा बैठक (Zonal Review Meeting) का आयोजन किया गया ।

पश्चिमांचल कार्यालय, नागपुर के प्रमुख के रूप में आर. सी. गौतम, उपमहानिर्देशक एवं आधतिक प्रमुख ने बैठक में भाग लिया। आर.सी. गौतम, उपमहानिदेशक ने अपने स्वागत उद्बोधन में सभी अधिकारियों का स्वागत करते हुए कहा कि इस बैठक का उद्देश्य सभी सर्वेक्षणों के आंकड़ा संग्रहण के गुणवत्ता पहलुओं के संदर्भ में बहुत महत्वपूर्ण है ताकि यह भारतीय अर्थव्यवस्था की सही तस्वीर को प्रदर्शित करे ये आंकड़े केंद्र के साथ-साथ राज्य सरकारों की सभी योजनाओं और नीतियों की रीढ़ है। उन्होंने बताया कि बैठक में सर्वेक्षण के विभिन्न तकनीकी पहलुओं (जैसे सर्वेक्षणों के परिचालन संबंधी समस्याएं सर्वेक्षणों में लोगों की प्रतिक्रिया, क्षेत्र के अधिकारियों/कर्मचारियों के प्रशिक्षण और कौशल विकास) और अन्य प्रशासनिक मुद्दों पर चर्चा शामिल है।

बैठक की अध्यक्षता श्री एस. एल मेनारिया, अपर महानिदेशक, प्रभाग मुख्यालय, राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय, नई दिल्ली द्वारा की गई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए श्री एस.एल. मेनारिया, अपर महानिदेशक ने अपने अध्यक्षीय भाषण में कहा कि यह बैठक कोवि-19 महामारी के कारण हुए व्यवधान के कारण काफी समय से लंबित थी और सभा को उन सहयोगियों के लिए दो मिनट का मौन रखने के लिए कहा, जिन्हें हम कोचिड-19 के कारण खो चुके हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत सरकार द्वारा सामना किए जाने वाले गंभीर संसाधनों की कमी के बावजूद कॉविड काल में हमारा संगठन आकड़ों की रिक्तता को दूर करने में सफल रहा है। कोविड-19 महामारी प्रतिबंधों और लॉकडाउन के बावजूद, हम उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आकड़ों और बैकलॉग आंकड़ों को जारी करने में सफल रहे हैं। उन्होंने बताया कि कोवि-19 महामारी के कारण हमें ए.एस. एस. ई (एनुअल सर्वे ऑफ सर्विस सेक्टर एंटरप्राइजेज सेवा क्षेत्र के उद्यमों का वार्षिक सर्वेक्षण), एच.सी. ई. एस. (हाउसहोल्ड कन्ज्यूमर एक्सपेन्डीचर सर्वे घरेलू उपभोक्ता सर्वेक्षण)और 79वें दौर का सामाजिक-आर्थिक सर्वेक्षण टालना पड़ा। 01 जनवरी, 2022 से सामाजिक आर्थिक सर्वेक्षण के 79वें दौर प्रारंभ करने और अन्य दो नए सर्वेक्षणों को शीघ्र प्रारंभ करने के सभी प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने मैको स्तर पर डेटा की गुणवता जांच और सैको स्तर पर उचित गुणवत्ता जांच तंत्र के लिए हमारे प्रगणकों और अधिकारियों को तैयार करने की आवश्यकता को दोहराया। उन्होंने सभा को बताया कि नीति आयोग, प्रधान मंत्री कार्यालय और वित्त मंत्रालय के निर्देशानुसार राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय जल्द ही डिजिटल संसाधनों के उपयोग के माध्यम से समय सीमा के भीतर वास्तविक समय डेटा प्रदान करने में सक्षम होगा।

आंचलिक समीक्षा बैठक में प्रभाग मुख्यालय, नई दिल्ली के उच्चाधिकारियों के साथ पश्चिमांचल क्षेत्र के अंतर्गत छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र एवं गुजरात राज्य में स्थित राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालयों में पदस्य भारतीय सांख्यिकी सेवा के उच्चाधिकारियों ने भाग लिया। विभिन्न राज्यों से मुख्य रूप से एस. के अनावत, उपमहानिर्देशका कार्यालय प्रमुख अहमदाबाद, सुश्री सुप्रिया रॉय, उपमहानिदेशक/ कार्यालय प्रमुख, मुंबई, सत्यजीत पॉल, उपमहानिदेशक (समाजार्थिक सर्वेक्षण), नई दिल्ली,  अनिन्दय बनर्जी, उपमहानिदेशक (कृषि सांख्यिकी) फरीदाबाद ने बैठक में भाग लिया।

बैठक का आयोजन क्षेत्रीय कार्यालय, रायपुर की और से श्री रोशन लान साहू, उपमहानिदेशक, राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय, रायपुर द्वारा किया गया। रोशन लाल साहू, उपमहानिदेशक ने विभिन्न राज्यों से आए उच्चधिकारियों को धन्यवाद देते हुए कहा कि मेजबान के रूप में पश्चिमांचल क्षेत्र की आधलिक समीक्षा बैठक का आयोजन करना छत्तीसगढ़ राज्य के लिए गर्व का विषय है और यह अवसर प्रदान करने के लिए उन्होंने अपर महानिदेशक प्रभाग मुख्यालय, नई दिल्ली और आंचलिक प्रमुख पश्चिमांचल नागपुर के प्रति आभार व्यक्त किया।

इस बैठक में वार्षिक उद्योग सर्वेक्षण, समाजार्थिक सर्वेक्षण, कृषि सांख्यिकी सर्वेक्षण, नगरीय ढांचा सर्वेक्षण, थोक मूल्य सूचकांक, उपभोक्ता मूल्य सूचकांक, आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण, असमाविष्ट क्षेत्र के उद्यमों का वार्षिक सर्वेक्षण आदि की प्रगति की समीक्षा की गई जिसमें सर्वेक्षणों के तकनीकी और व्यावहारिक पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही संगठन की कार्य कुशलता में सुधार हेतु पश्चिम अंचल क्षेत्र में स्थित राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालयों के आंतरिक प्रशासनिक विषयों की समीक्षा भी विस्तार से की गई l