चंडीगढ़
कोरोना काल में भी कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का विरोध प्रदर्शन जारी है। रविवार को हांसी कस्बे में सैकड़ों की संख्या में पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के किसानों ने मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के खिलाफ नारेबाजी की। इस बीच प्रदर्शन कर रहे किसानों और पुलिस के बीच टकराव की स्थिति पैदा होने के बाद हालात काबू से बाहर चले गए। पुलिस ने प्रदर्शनकारी किसानों पर लाठियां भांजी और भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले भी दागे गए। बताया जा रहा है कि भारी संख्या में सीएम मनोहर लाल खट्टर के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे किसानों ने पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स को हटाने की कोशिश की जिसके बाद पुलिस ने उनपर लाठी-चार्ज शुरू कर दिया। यह घटना उस समय हुई जब मनोहर लाल खट्टर हिसार में एक कोविड अस्पताल का उद्घाटन करने आए थे। पुलिस द्वारा लाठियां भांजे जाने की घटना में कई किसानों के घायल होने की भी खबर है।
गौरतलब है कि पिछले साल नवंबर महीने के अंत से ही पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के हजारों किसान केंद्र के नए कृषि कानूनों को रद्द करने और फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर कानूनी गारंटी की मांग को लेकर दिल्ली की सीमा सिंधु, टिकरी और गाजीपुर में डेरा डाले हुए हैं। सरकार के साथ कई दौर की बातचीत के बाद भी वह अपनी जिद से हटने के लिए तैयार नहीं है। यह भी पढ़ें: उत्तराखंड के किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि का मिला लाभ, खाते में भेजी गई 171 करोड़ की धनराशि बेंगलुरु के डॉक्टरों ने की कोरोना के नए लक्षण की पहचान, मुंह में सूखापन या खुजली को ना करें अनदेखा CM खट्टर ने किया 500 बेड वाले कोविड अस्पताल का उद्घाटन हरियाणा में कोरोना वायरस के खिलाफ खट्टर सरकार की लड़ाई जारी है।
इसी क्रम में आज (रविवार) मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कोरोना मरीजों के लिए बनाए गए 500 बिस्तरों वाले कोविड समर्थित गुरु तेग बहादुर संजीवनी अस्पताल का उद्घाटन किया। पानिपत स्थित इस अस्पताल में मरीजोंके लिए ऑक्सीजन की सुविधा उपलब्ध है, साथ ही हॉस्पिटल में सीधे पाइप लाइन के माध्यम से ऑक्सीजन की सप्लाई की जाएगी।













