Cg Assembly Winter Session : PM awas yojana को लेकर असंतुष्ट विपक्ष का हंगामा…सदन कल तक स्थगित..अगले साल से 14 दिसंबर को विधानसभा में अवकाश

रायपुर.

छत्तीसगढ़ विधानसभा के शीतकालीन सत्र का आज मंगलवार को दूसरा दिन है। जहाँ आज पीएम आवास योजना को लेकर सदन में जोरदार हंगामा हुआ। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत निर्मित आवासों की वित्तीय और भौतिक स्थिति के बारे में पंचायत मंत्री टीएस सिंहदेव ने जवाब देते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने राशि उपलब्ध नहीं कराई इसके कारण इसका निर्माण पूरा नहीं हो पाया।

विपक्ष के नेता धरमलाल कौशिक सरकार को जमकर घेरते हुए दिखाई दिए। उन्होंने कहा “प्रधानमंत्री मोदी करते है छत्तीसगढ़ से सौतेला व्यवहार किसी विधायक का इस पैसे से घर नही बनना है.इस योजना से गरीब लोगों का घर बनना है। 11 लाख मकान बनना है। जिसका दोषी राज्य सरकार है”

वही पूर्व मुख्यमंत्री डॉक्टर रमन सिंह ने कहा कि 2019-2020 में आवास पूर्ण है कर के पंचायत विभाग बोल रहा है। 2 लाख 40 हजार मकान तत्काल स्वीकृति राज्य सरकार अपनी कोष से देंगे क्या..?

मंत्री के जवाब से असंतुष्ट विपक्ष ने इस पर सवाल उठाते हुए कहा कि राज्य सरकार ने राज्य की राशि उपलब्ध नहीं कराई इसके कारण इन आवासों का निर्माण नहीं हो पा रहा है। इस पर पंचायत मंत्री टीएस सिंहदेव के उत्तर देते हुए कहा कि रमन सिंह हमारे बड़े भाई है। डांट सकते है 2 लाख 74 हजार जर्जर है। विधानसभा कार्य संचालन नियम के तहत बेल में आए सभी भाजपा के विधायक स्वमेव निलंबित हो गए। विपक्ष के हंगामे के बीच विधानसभा अध्यक्ष ने सदन की कार्रवाई कल तक के लिए स्थगित कर दी।

भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने प्रस्न काल में प्रश्न उठाया, उन्होंने पूछा कि पीएम आवास योजना के तहत हितग्राहियों को वर्ष 2019-20 ओर 2020-21 की कितनी किश्त दी गई। हितग्राहियों को यह राशि राज्य सरकार ने क्यों उपलब्ध नहीं कराई।

पंचायत मंत्री टीएस सिंहदेव ने ने जवाब देते हुए कहा कि यह योजना वर्ष 2016-17 से शुरू की गई थी। योजना के अंतर्गत राज्य को जो टारगेट दिए गए थे उसमें 7 लाख 81 हजार 999 हितग्राहियों को आवास आबंटित करने का लक्ष्य रखा गया था, जिसे भारत सरकार के द्वारा वापस ले लिया गया। राज्य सरकार के द्वारा लक्ष्य का निर्णय विचाराधीन होने के कारण केंद्र एवं राज्य की आवश्यकता का आंकलन करना संभव नहीं है। मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के पास राशि उपलब्ध नहीं होने के कारण राज्य की राशि उपलब्ध नहीं कराई जा सकी।

उन्होंने बताया कि अक्टूबर 2021 की स्थिति में वर्ष 2019-20 मेें राज्य के 762 करोड़ ओर केंद्र की 1144 करोड़ की राशि की आवश्यकता थी। इसके विरूद्ध राज्य अप्राप्त है और केंद्र की राशि लगभग 843 करोड़ रुपए प्राप्त हुए। वर्ष 2020-21 में 800 करोड़ और केंद्र की राशि करीब 1200 करोड़ की आवश्यकता थी। दोनों की राशि अप्राप्त होने के कारण आवास निर्माण नहीं हो सका। उन्होंने बताया कि वर्ष 2020-21 का लक्ष्य केंद्र सरकार के द्वारा वापस ले लिया गया। जिसके कारण केंद्र और राज्य की राशि का गणना करना संभव नहीं है।

बसपा विधायक केशव चंद्रा ने पूछा, इसमें गरीबों की क्या गलती

बहुजन समाज पार्टी के विधायक केशव चंद्रा ने कहा, जनता को इससे क्या मतलब कि पैसा कौन देगा। केंद्र सरकार देगी कि राज्य सरकार देगी। या फिर दोनों मिलकर देंगे। उनका घर बनना है। फंड की कमी के नाम पर उनका घर नहीं बन रहा है। जिन लोगों ने कर्ज लेकर घर बनवा लिया उनको बकाया किश्त नहीं मिल रही है। इसमें उनकी क्या गलती है। उन्होंने कहा, केंद्र सरकार से फंड की व्यवस्था करना राज्य सरकार की जिम्मेदारी है और उसे वह पूरा करना चाहिए।

अगले साल से 14 दिसंबर को विधानसभा में अवकाश

विधानसभा शीतकालीन सत्र के दौरान स्पीकर चरणदास महंत ने ऐलान किया है कि, अगले साल से 14 दिसंबर को विधानसभा में अवकाश रहेगा। उन्होंने कहा कि लोकसभा में भी स्थापना दिवस पर अवकाश रहता है। अब छत्तीसगढ़ विधानसभा के स्थापना दिवस पर भी अगले वर्ष से अवकाश रहेगा।