रायपुर
जमीन की रजिस्ट्री कराने के लिए पहले सेरीखेड़ी, नकटी, धरमपुरा, टेमरी, बनरसी और माना बस्ती के लोगों के साथ ही आरंग और अभनपुर क्षेत्र में रहने वाले लोगों को रायपुर में स्थित पंजीयन कार्यालय में आना पड़ता था लेकिन अब उनकी यह समस्या दूर हो गई हैं क्योंकि ज्यादा भीड़ को देखते हुए राज्य सरकार ने नवा रायपुर स्थित सेक्टर 29 में उप पंजीयन कार्यालय खोला जा रहा है जहां पर 41 गांव के लोग रजिस्ट्री करवा सकेंगे। इस कार्यालय का शुभारंभ 5 अगस्त को किया जाएगा जहां एक उप पंजीयक और तीन आपरेट तैनात रहेंगे।
ज्ञात हो कि वर्तमान में रायपुर जिले में रायपुर, आरंग, अभनपुर और तिल्दा में उप पंजीयन कार्यालय हैं और 5 फरवरी से पांचवा उप पंजीयन कार्यलय नवा रायपुर स्थित सेक्टर 29 में खोला जा रहा है क्योंकि रायपुर शहर की बसाहट बढ़ती जा रही है और नई-नई कालोनियां बस रही हैं। रायपुर नगर निगम और बिरगांव निगम के अंतर्गत आने वाले लोग जमीन खरीदी बिक्री करने वाले क्रेता-बिक्रेता रायपुर पंजीयन कार्यालय में आते हैं। पंजीयन कार्यालय में एक दिन में करीब 150 रजिस्ट्री होती है। क्रेता-विक्रेता के साथ करीब 500 लोग रोजाना आते हैं। पंजीयन कार्यालय में पांच काउंटर बने हैं। एक रजिस्ट्री में करीब सात से आठ मिनट का समय लगता है। दूरदराज से आने वाले लोग सुबह से पंजीयन कार्यालय पहुंचकर अपनी बारी का इंतजार करते हैं इसलिए शासन ने नवा रायपुर में पंजीयन कार्यलय खोलने का निर्णय लिया है।
जहां तहसील रायपुर के अंतर्गत सेरीखेड़ी, नकटी, धरमपुरा, टेमरी, बनरसी, माना बस्ती। अभनपुर तहसील – तूता, उपरवारा, बेंद्री, केंद्री, निमोरा, परसट्टी, छांकी, खंडवा, भेलवाडीह, पचेड़ा, चेरिया, पौता, तेंदुआ, बंजारी, कुर्रू। आरंग तहसील में राखी, कुहेरा, कोटराभाटा, झांझ, नवागांव, खपरी, कयाबांधा, कोटनी, सेंध, रीको, चीचा, परसदा, पलौदा, बरौदा, रमचंडी, तांदुल, छतौना, नवागांव खु., मंदीर हसौद और उमरिया को शामिल किया गया और अब यहां के लोग नवा रायपुर स्थित सेक्टर 29 में 5 अगस्त से रजिस्ट्री करवा सकते हैं।














