भोपाल
कोरोना की तीसरी लहर की आशंका को देखते हुए प्रोफेशनल एग्जाम बोर्ड इस साल भी कोई परीक्षा आयोजित नहीं करेगा। अभी तक व्यावसायिक परीक्षा मंडल के पास पांच विभागों के प्रस्ताव है जिन्होने भर्ती परीक्षा कराने का आग्रह किया है लेकिन फिलहाल इसे स्वीकार नहीं किया गया है। मंडल का कहना है कि विशेषज्ञों से चर्चा के बाद ही किसी भी तरह की परीक्षा का आयोजन किया जाएगा।
कोरोना का असर व्यावसायिक परीक्षा मंडल द्वारा आयोजित कराई जाने वाली परीक्षाओं पर भी पड़ा है। साल 2020 दिसंबर में मंडल ने अंतिम प्रवेश परीक्षा करवाई थी। उसके बाद से लेकर अब तक कोई परीक्षा नहीं हुई है। जनवरी-फरवरी 2021 में परीक्षा कराने की तैयारी चल ही रही थी कि कोरोना की दूसरी लहर ने इसपर पानी फेर दिया। इसके बाद जून माह से मंडल ने फिर परीक्षा को लेकर तैयारियां शुरू की थी लेकिन तीसरी लहर की आशंका को देखते हुए एक बार फिर आगामी सभी परीक्षा कार्यक्रम रद्द कर दिए गए हैं। हालांकि बोर्ड का कहना है कि कांस्टेबल और शिक्षक भर्ती परीक्षा की पूरी तैयारी कर ली गई है और केंद्रों का भी चयन कर लिया गया है। अब बस इसके लिए तारीफ की घोषणा होना ही बाकी है। मंडल के अधिकारियों के मुताबिक दो में से एक एजेंसी यह परीक्षा करवाएगी। वहीं जिन केंद्रों पर व्यापम द्वारा परीक्षाएं कराने की तैयारी की गई है, उसी में से कुछ केंद्र रेलवे द्वारा अपनी परीक्षाएं कराने के लिए अधिगृहित कर लिए गए हैं जिसे लेकर भी पसोपेश की स्थिति है।
MPPEB: कौन-कौन सी परीक्षाएं स्थगित होंगी
प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (पीईबी) की तीन परीक्षाओं पर फिर संकट खड़ा हो गया है। इनमें प्री वेटरनरी एंड फिशरीज एंट्रेंस टेस्ट, पीपीटी (प्री पॉलिटेक्निक टेस्ट) और डिप्लोमा इन एनिमल हस्बेंड्री एंट्रेंस टेस्ट शामिल है। यह दूसरा मौका है जब परीक्षाएं स्थगित होंगी। इसके पहले मार्च में परीक्षाएं स्थगित हुई थीं। कोरोना के कारण यह परीक्षाएं करीब चार महीने की देरी से हो रही थीं लेकिन अब और देरी से होंगी। इन सभी परीक्षाओं में हर साल औसतन पांच लाख उम्मीदवार प्रदेशभर से शामिल होते हैं।
बोर्ड ने इन परीक्षाओं के लिए जो संभावित परीक्षा की तारीख घोषित की है, उनमें प्री वेटरनरी एंड फिशरीज एंट्रेंस टेस्ट 18 और 19 जुलाई, डिप्लोमा इन एनिमल हस्बेंड्री एंट्रेंस टेस्ट 18 और 19 जुलाई और पीपीटी (प्री-पॉलिटेक्निक टेस्ट) 25 और 26 जुलाई शामिल है।
उम्मीदवार भी नहीं दिखा रहे रुचि
यदि इस बार भी परीक्षा स्थगित हुई तो एक बार फिर परीक्षाएं करीब एक महीने के लिए टल जाएंगी। इन परीक्षाओं में औसतन हर साल करीब पांच लाख उम्मीदवार शामिल होते हैं। इसी हिसाब से बोर्ड ने तैयारियां भी की हैं लेकिन इस बार कोरोना संक्रमण को देखते हुए उम्मीदवार भी परीक्षा में शामिल होने में कम रुचि दिखा रहे हैं। हर बार की तुलना में इस बार आधी संख्या में भी आवेदन नहीं मिले हैं।















