नई दिल्ली
कोरोना-लॉकडाउन के चलते ट्रेनों में यात्रियों की कमी दिखाई पड़ रही है। इस बीच चक्रवात ताउते के चलते कई राज्यों में रेल सेवाएं प्रभावित होने की आशंका है। इसके मद्देनजर पश्चिम और उत्तर-पश्चिम रेलवे ने कुल 54 स्पेशल ट्रेनों को कैंसिल कर दिया है। जिन ट्रेनों को कोविड से जुड़े कारणों के चलते रद्द किया गया है, वह 19 मई से अनिश्चितकाल के लिए रोकी गई हैं, जबकि चक्रवात के चलते रद्द हुई ट्रेनें फिलहाल सोमवार से लेकर 21 मई तक स्थगित रहेंगी।
यदि इस दौरान आपने कहीं की यात्रा की तैयारी कर रखी है तो आप कैंसिल की गई ट्रेनों की लिस्ट जरूर देख लीजिए और उसी के मुताबिक अपनी यात्रा को फिर से निर्धारित कीजिए। नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे ने 10 ट्रेनें रद्द कीं, चार के फेरे घटाए सोमवार को नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे ने कोरोना-लॉकडाउन की वजह से 10 और स्पेशल ट्रेनों को निलंबित करने की घोषणा की है। नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे जोन के प्रवक्ता ने न्यूज एजेंसी पीटीआई से कहा है कि यात्रियों की कमी के चलते रेलवे ने 10 स्पेशल ट्रेनों को कैंसिल कर दिया है।
जो 10 ट्रेनें रद्द की गई हैं उनमें- जोधपुर-इंदौर स्पेशल ट्रेन, जोधपुर-सराय रोहिल्ला (दिल्ली) स्पेशल ट्रेन, जोधपुर-बिलाड़ा स्पेशल ट्रेन, जोधपुर-बाड़मेर स्पेशल ट्रेन और श्रीगंगानगर-अंबाला स्पेशल ट्रेन भी शामिल हैं। ये सारी ट्रेनें 19 मई के बाद से अगले आदेश तक के लिए रद्द कर दी गई हैं। इन ट्रेनों के अलावा चार स्पेशल ट्रेनों के फेरे भी घटा कर आधी कर दी गई हैं। मसलन, 19 मई से अजमेर से अमृतसर के बीच सप्ताह में दो दिन चलने वाली यह ट्रेन अगले आदेश तक अब सिर्फ बुधवार को ही चला करेगी। चक्रवात के चलते पश्चिम रेलवे ने 42 ट्रेनें रद्द कीं वहीं पश्चिम रेलवे ने ताउते चक्रवात के चलते मचने वाली तबाही की आशंका के मद्देनजर 21 मई तक के लिए कुल 42 ट्रेनें रद्द कर दी हैं।
20 मई और 21 मई को ये ट्रेनें भी रद्द होंगी 20 मई को पश्चिम बंगाल के आसनसोल से गुजरात के भावनगर तक चलने वाली ट्रेन संख्या 02942 रद्द कर दी गई है। वहीं 21 मई को ट्रेन संख्या 09565 भी कैंसिल रहेगी, जो कि ओखा से देहरादून तक चलती है। गौरतलब है कि पिछले महीने से रेलवे ने लगातार अपनी कई ट्रेनों को यात्रियों की कमी और स्टाफ की किल्लत के चलते कैंसिल किया है। क्योंकि, कोरोना की दूसरी लहर में बड़ी संख्या में रेलवे के कर्मचारी भी कोरोना वायरस की चपेट में आकर बीमार पड़ गए हैं। ऊपर से चक्रवात ने दक्षिण और पश्चिम के राज्यों में ट्रेनों की आवाजाही पर असर डाला है।













