कैबिनेट बैठक आज, 21 प्रस्तावों पर होगा निर्णय

भोपाल
राज्य में आईएएस आईपीएस और आईएफएस तथा केंद्रीय कर्मचारियों की तर्ज पर अब राज्य के अधिकारियों और कर्मचारियों को भी पेंशन योजना में मध्य प्रदेश सरकार 14 फीसदी अंशदान करेगी। अभी तक राज्य सरकार केवल 10 फीसदी अंशदान कर रही है इसमें 4 फीसदी अंशदान बढ़ाया जाएगा ।आज होने वाली कैबिनेट में इस फैसले को मंजूरी मिलने के आसार हैं।

केंद्र सरकार अपने कर्मचारियों के पेंशन योजना में 14 फीसदी अंशदान करती है। राज्य के आईएएस आईपीएस और आईएफएस अफसरों को 14 फीसदी अंशदान का लाभ मिल रहा है। अभी तक राज्य के अधिकारी कर्मचारी  वेतन एवं महंगाई भत्ते के 4 फीसदी अतिरिक्त राज्य शासन के अंशदान से वंचित है। मध्य प्रदेश सरकार ने वर्ष 21-22 के बजट से पहले राष्ट्रीय पेंशन योजना में अंशदान 4 फीसदी बढ़ाने पर सैद्धांतिक सहमति दी थी। वर्ष 2005 के बाद भर्ती हुए 4 लाख कर्मचारियों को पेंशन योजना में राज्य सरकार के 4 प्रतिशत अंशदान बढ़ाए जाने से लाभ मिलेगा। अब राज्य के अधिकारियों और कर्मचारियों को भी केंद्र के अधिकारियो, कर्मचारियों के बराबर पेंशन योजना का लाभ मिलेगा।

आज होने वाली कैबिनेट बैठक में तिलहन संघ के पचामा सीहोर स्थित सोयाबीन प्रसंस्करण संयंत्र को 7.5 करोड़ रुपए में और ग्वालियर के अल्फा नगर कॉलोनी को 5. 87 करोड़ रुपए में बेचने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी जाएगी ।इन संपत्तियों को बेचने के लिए यह अधिकतम बोलियां लगाई गई थी अधिकतम बोली लगाने वाले प्रस्तावों को के निर्णय को कैबिनेट में मंजूरी दी जाएगी । इसके अलावा कास्मो आनंद सिरोल ग्वालियर के 5 भूखंडों को भी अधिकतम बोली पर बेचने की अनुमति दी जाएगी।

वर्ष 2020 -21 में राज्य सरकार ने समर्थन मूल्य पर जो चमकविहीन गेंहू खरीदा था उस पर आ रहे 30 करोड़ के वित्तीय भार को राज्य सरकार वहन करेगी ।केंद्र सरकार एक निर्धारित सीमा तक ही चमकविहीन गेहूं खरीदी को मंजूरी देती है। उससे अधिक मात्रा में खरीदी पर राज्य सरकारों को ही उसका वित्तीय भार उठाना पड़ता है। पिछले साल खरीदे हुए गेहूं पर 30 करोड़ का वित्तीय भार राज्य सरकार को उठाना होगा। जिसकी मंजूरी आज कैबिनेट में दी जाएगी ।

सिनेमाघरों से जुड़े मनोरंजन कर और अन्य कार्य अब वाणिज्य कर विभाग से लेकर नगरीय प्रशासन विभाग को दिए जाएंगे ।इस संबंध में भी कैबिनेट में चर्चा होगी। कृषि विभाग की कृषक मित्र चयन संबंधी निदेर्शों में संशोधन करने जा रहा है इसको लेकर कैबिनेट में चर्चा की जाएगी।

 जिला सहकारी कृषि और ग्रामीण विकास बैंक के शेष कर्मचारियों के अन्य विभागों में संविलियन करने की योजना की अवधि भी बढ़ाई जाएगी। इस संबंध में भी कैबिनेट में चर्चा होगी।

नर्मदा जल विवाद न्यायाधिकरण अवार्ड में मध्यप्रदेश को आवंटित जल के उपयोग हेतु पर योजनाओं को क्रियान्वित कराए जाने के प्रस्ताव पर भी कैबिनेट में चर्चा होगी। शिकायत निवारण प्राधिकरण नर्मदा संकुल परियोजना में सदस्य प्रशासनिक और न्याय की संविदा नियुक्ति के प्रस्ताव का अनुसमर्थन भी कैबिनेट में किया जाएगा।

नर्मदा बेसिन प्रोजेक्ट कंपनी को वर्ष 20- 21 में द्वितीय अनुपूरक में आवंटित राशि 1500 करोड़ तक के इक्विटी शेयर जारी करने के प्रस्ताव का अनुसमर्थन भी कैबिनेट में होगा। इसके अलावा वर्ष 21- 22 से लेकर वर्ष 23- 24 तक रासायनिक उर्वरकों की व्यवस्था पर भी कैबिनेट में चर्चा की जाएगी।