दुर्ग में 10 नवंबर को कांग्रेस की प्रदेश स्तरीय बैठक…निकाय चुनाव के लिये 12 नवंबर को छत्तीसगढ़ में लग सकती है चुनाव आचार संहिता !

दुर्ग

कांग्रेस सरकार बनने के बाद पहली बार दुर्ग जिला मुख्यालय में होने वाली प्रदेश कांग्रेस कमेटी की बैठक में निकाय चुनाव का मुद्दा सबसे अहम होगा। इसी बैठक के चलते ही रविवार को पीसीसी चीफ मोहन मरकाम दुर्ग पहुंचे और बैठक को लेकर की जा रही तैयारियों का जायजा लिया। इस बैठक के ठीक दो दिन बाद 12 नवंबर को निर्वाचन आयोग की बैठक रखी गई है। इस बैठक में भी निकाय चुनाव को लेकर रणनीति तय की जाएगी और चुनाव को लेकर कई अहम निर्णय भी लिए जाएंगे। निकाय चुनाव की तारीख घोषित होने के लिए अब कुछ ही दिन शेष हैं । इसे लेकर शासन और प्रशासन दोनों स्तर पर तैयारी तेज कर दी गई हैं।

दुर्ग में 10 नवंबर को प्रदेश कांग्रेस कमेटी की बैठक बुलाई गई है। इस बैठक में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित प्रदेश प्रभारी पीएल पुनिया और 34 जिलों के जिलाध्यक्ष मौजूद रहेंगे। सूत्रों से  मिली जानकारी के अनुसार 12 नवंबर को निर्वाचन आयोग की बैठक से ठीक पहले प्रदेश कांग्रेस कमेटी की बैठक रखना इस बात का इशारा करता है कि बैठक में निकाय चुनाव को लेकर रणनीति तय की जाएगी। साथ यह भी कयास लगाए जा रहे हैं कि 12 को निर्वाचन आयोग की बैठक बाद आचार संहिता भी लगाई जा सकती है।

छत्तीसगढ़ के बचे हुए निकाय क्षेत्रों में एक और जहां कांग्रेस पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रही है, वहीं प्रमुख विपक्षी भाजपा की कोई तैयारी नजर नहीं आ रही ! खासकर भिलाई और इससे लगे हुए रिसाली,चरोदा नगर निगम के अलावा जामुल पालिका जहां चुनाव होने हैं यहां भाजपा में खुली गुटबाजी के कारण कोई जमीनी तैयारी हो ही नहीं रही है ! उल्लेखनीय है कि भिलाई और दुर्ग में संगठन पर सरोज पांडे गुटका कब्जा है जबकि लोकसभा के रिकार्ड मतों से जीते हुए सांसद विजय बघेल की उपेक्षा संगठन के द्वारा की जाने के बावजूद इसके जमीनी पकड़ विजय बघेल और उनके समर्थक भाजपा कार्यकर्ताओं की साफ तौर पर देखी जा सकती है ! ऐसे हालात छत्तीसगढ़ के अन्य क्षेत्रों में भी है जहां भाजपा में खुली गुटबाजी है ! इसका सीधा सीधा लाभ कांग्रेस को छत्तीसगढ़ के बचे हुए विभिन्न निकाय चुनाव में देखने को मिल सकता है !