रायपुर/सांकरा निको
एसकेएस इस्पात कंपनी में हड़ताली मजदूर उस वक्त उग्र हो गए जब आंदोलनकारियों व पुलिस के बीच तीखी झड़प हो गई।
आक्रोशित मजदूरों ने पुलिस वाहन को ही आग के हवाले कर दिया। मौके पर आग को बुझाने का काम किया गया लेकिन तब तक वाहन जल चुकी थी। मामला धरसीवा थाना सिलतरा चौकी का है। औद्योगिक क्षेत्र सिलतरा स्थित एसकेएस इस्पात के कर्मचारियों ने पिछले माह वेतन वृद्धि की मांग को लेकर हड़ताल की थी, लेकिन उस वक्त जल्द ही मांग को पूरा करने का आश्वासन दिया गया था। मगर, कंपनी द्वारा मांग पूरी नहीं किए जाने से कर्मचारियों का आक्रोश पुन: भड़क गया।
सुबह से ही एसकेएस इस्पात में कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर गेट के सामने धरना दे रहे हैं। कर्मचारियों का कहना है कि 14 जुलाई को की गई हड़ताल में उन्होंने अपनी जायज मांगों को उठाया था। इस दौरान तहसीलदार के समक्ष फैक्ट्री प्रबंधन ने मांगों को मानते हुए मांगे पूरी करने का आश्वासन दिया था। तब हड़ताल खत्म की गई थी, लेकिन मांगे पूरी नहीं होने के कारण आज से पुन: अपनी मांगों को लेकर के गेट के सामने ही धरने पर बैठना पड़ा। फैक्ट्री कर्मियों का कहना है कि दो साल का एग्रीमेंट 20 फीसद हर वर्ष बोनस, पीएफ 12 फीसद कंपनी का 12 फीसद मजदूरों का आदि मांगों को लेकर हड़ताल की गई है। हड़ताल की जानकारी मिलते ही धरसीवां पुलिस भी मौके पर पहुच गई।
घटना के संदर्भ में एसकेएस इस्पात के संचालक दीपक गुप्ता ने बताया कि मजदूरों की मांग लगभग पूरी कर दी गई थी। दीपक ने बताया कि 90 फीसदी मजदूर काम पर लौटने के लिए तैयार थे। गुरुवार को कुछ मजदूर शराब पीकर आए और पहले पथराव किया पुलिस के साथ धक्का-मुक्की की इसके बाद नशे में पुलिस वाहन को आग लगा दी। उन्होंने कहा कि पुलिस ने व्यवस्था को अच्छे से संभाल लिया, नहीं तो बड़ी घटना हो सकती थी। इस तरीके से कंपनी चलाना मुश्किल हो जाएगा। ऐसे लोगों के खिलाफ मामला दर्ज होना चाहिए। वहीं, इस मामले में ग्रामीण एएसपी लखन पटले ने कहा कि जिन्होंने इस तरीके का घटना को अंजाम दिया है, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सभी की पहचान की जा रही है।














